
गुरुवार शाम को तबीयत बिगड़ने पर उन्हें दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) के आपातकालीन विभाग में भर्ती कराया गया, जहां रात 9 बजकर 51 मिनट पर उन्होंने अंतिम सांस ली।
डॉ. मनमोहन सिंह ने 2004 से 2014 तक भारत के प्रधानमंत्री के रूप में सेवा की और 1991 से 1996 तक वित्त मंत्री के रूप में देश की आर्थिक उदारीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित कई नेताओं ने शोक व्यक्त किया है।
उनके निधन की खबर से पूरे देश में शोक की लहर है, और विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं ने उनके योगदान को याद करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की है।
डॉ. मनमोहन सिंह का निधन भारतीय राजनीति में एक युग का अंत है, और उनके योगदान को सदैव स्मरण किया जाएगा।